सूरजपुर/(IRN.24…)सरगुजा संभाग के विभिन्न क्षेत्रों से आईं 113 टीमों के साथ चार दिवसीय संभाग स्तरीय रामचरितमानस गायन प्रतियोगिता का समापन हुआ। यह आयोजन विधायक भूलन सिंह मरावी के निवास स्थान पटना गांव में संपन्न हुआ। प्रेमनगर इन दिनों आध्यात्मिक आस्था का केंद्र बन गया था।प्रतियोगिता का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा से हुआ, जिसने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय बना दिया। इस आयोजन में दूर-दराज़ से आए श्रद्धालु भी शामिल हुए। आकर्षक पंडाल में हजारों श्रद्धालु महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों ने रामचरितमानस के दिव्य पदों का आनंद लिया।प्रतियोगिता के दौरान निर्णायक मंडल ने प्रतिभागियों से रामचरितमानस पर आधारित विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका उत्तर उन्होंने शानदार ढंग से दिया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली टीमों को स्मृति चिन्ह, रामायण ग्रंथ, और राम दरबार की भेंट देकर सम्मानित किया गया। चार दिनों तक पटना गांव राममय बना रहा, जहां श्रद्धालु राम धुन में मग्न होकर भक्ति में लीन रहे। यह आयोजन न केवल रामचरितमानस के संदेशों को जन-जन तक पहुंचाने में सफल रहा, बल्कि रामायण के मूल्यों को भी जनमानस में स्थापित करने में सहायक रहा।विधायक भूलन सिंह मरावी के संयोजन में आयोजित इस भव्य प्रतियोगिता ने धार्मिक और सांस्कृतिक चेतना को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। इस आयोजन को सफल बनाने में विधायक प्रतिनिधि संत साहू, माखनलाल जायसवाल, राजेश्वर तिवारी, अलख सिंह, रामसुंदर सिंह, विजय देवांगन, कवल साय, खेल साय राजवाड़े सहित अनेक लोगों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।विधायक भूलन सिंह मरावी ने इस आयोजन की परंपरा को और मजबूत किया, जिससे यह प्रतियोगिता लगातार दूसरे वर्ष सफलतापूर्वक संपन्न हुई। पूरे चार दिनों तक वे आयोजन स्थल पर उपस्थित रहे, जिससे कार्यक्रम की भव्यता और सफलता सुनिश्चित हो सकी। यह प्रयास धार्मिक जागरूकता और सांस्कृतिक चेतना को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण और प्रेरणादायक साबित हुआ। आयोजन स्थल पर आए लोगों ने उनकी सराहना की।उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली मंडलियांमहिला मंडलियों में माँ संतोषी उपासना महिला मंडली पिपरा, माँ दशफेरी महिला मंडली सरोकार, शिव शक्ति महिला मंडली पटना, जय माँ भवानी महिला मंडली गिरजापुर प्रमुख रहीं।मानस मंडलियों में नवयुवक मानस मंडली सरभोका, प्रज्ञा मानस परिवार आंजोखुर्द, तुलसीकृत मानस मंडली मुरमा, जय जगदंबा मानस मंडली मांजा, युवक मानस मंडली सत्यनगर प्रमुख रहे।बालक-बालिका मंडलियों में सरस्वती बालिका मंडली घुघरा, नवदुर्गा बालक मंडली लेडुवा, माँ गायत्री बालिका मंडली प्रतापपुर, हंस पुत्र बाल मंडली देवधाम खोपा शामिल रहीं।सम्मानित मंडलियों को रामचरितमानस, बैग, राम दरबार और प्रोत्साहन स्वरूप नगद राशि भेंट की गई।